पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटरमीडिएट कॉलेज में विद्युतीकरण का कार्य समाजसेवी के प्रयास से शुरू हुआ
समाजसेवी डॉ मोहन तिवारी ने सांसद, एडीएम व एसडीएम को पत्रक शॉप कर पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय मॉडल इंटर कॉलेज में विद्युतीकरण की किया था मांग
जिम्मेदार अधिकारी कार्यदायी संस्था सबकी लापरवाही का हुआ उजागर विद्यार्थियों के शैक्षणिक कार्य में भीषण गर्मी से मिलेगी निजात विद्यार्थियों में खुशी की लहर
कृष्णा यादव,तमकुहीराज/कुशीनगर। स्थानीय क्षेत्र के ग्रामसभा मठिया श्रीराम निवासी समाजसेवी डॉ. मोहन तिवारी ने पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज में बिजली की समस्या को लेकर जिलाधिकारी के नाम अपर जिलाधिकारी न्यायिक प्रेम कुमार राय को ज्ञापन सौंपा था।समाजसेवी डॉ मोहन तिवारी ने कॉलेज में बिजली की समस्या के अलावा अन्य बुनियादी समस्याओं को लेकर सांसद देवरिया शशांक मणि त्रिपाठी व मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ के नाम उपजिलाधिकारी तमकुहीराज को ज्ञापन सौंप कर शीघ्र ही कॉलेज की समस्या को पूरा कराने की मांग किया था।
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समाजसेवी डॉ मोहन तिवारी के प्रयास से पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज में बिजली की समस्या को जनहित में लेते हुए अधिकारियों ने इसे शीघ्र ही पूरा करने का भरोसा दिया था जिसको लेकर मोहन तिवारी ने तमकुहीराज में पत्रकार वार्ता कर मुद्दे को गंभीरता से उठाया था जिसको अब अधिकारियों ने आदेशित करा कर पूरा कर दिया है। समाजसेवी डा मोहन तिवारी ने अपर जिलाधिकारी न्यायिक प्रेम कुमार राय को बताया था कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय इंटर मीडिएट कॉलेज मठिया श्रीराम की शिक्षा से जुडी अत्यंत गंभीर स्थिति में है।
उन्होंने आरोप लगाया था कि करोड़ की लागत से निर्मित पं. दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज निर्माण के बाद से ही पठन-पाठन के उद्देश्यों पर खरी नहीं उत्तर पा रही है। कालेज में बुनियादी सुविधाओं के अभाव बनी हुई है। यहां तक कि निर्धारित शुल्क जमा करने के बाद भी अभी तक बिजली का कनेक्शन नहीं मिल सका है। साढ़े सात एकड़ भूमि पर वर्ष 2014 में तत्कालीन मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने कालेज का शिलान्यास किया था। अब तक लगभग तीन करोड 32 लाख रुपये खर्च कर भवन बना है।
समाजसेवी डॉ मोहन तिवारी ने लिखित रूप से मांग किया था कि पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज में पुस्तकालय व प्रयोगशाला की स्थापना होने के बावजूद भी यहां पुस्तकों का अभाव बना हुआ है, बिजली के अभाव में प्रयोगशाला मे रखी गई सामन भी जंग खा रही हैं। 22 कमरे और 48 शौचालय बनने के बाद भी शौचालय आवरण दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज में बदहाल पड़ा हुआ है। बावजूद भी शौचालयों की दशा साफ सफाई के अभाव में बदहाल है। शिक्षकों के स्वीकृत 17 पद के सापेक्ष महज आठ सहित एक प्रभारी प्रधानाचार्य की तैनाती है। अभी तक यहां कला प्रतियोगिता, कंप्यूटर लैब, इंटरनेट वाई फाई, बाउंड्री, गेट, बिजली, जनरेटर और शुद्ध पेयजल को सुविधा नहीं है। वर्ष 2018-19 में शिक्षण का कार्य शुरु होने के बावजूद भी पढ़ने वाले छात्र-छात्राओं की संख्या लगभग 200 हैं। जबकि 50 से 80 के बीच ही छात्र-छात्राएं आते हैं।
उन्होंने कहा कि आवागमन का कोई बंदोबस्त नहीं है। इर्द-गिर्द गन्ने के खेत, जंगल, श्मशान घाट है। बुनियादी सुविधाओं का अभाव बिजली की अब तक आपूर्ति नहीं हुई है जिसके बाद अपर जिलाधिकारी न्यायिक प्रेम कुमार राय ने उपरोक्त प्रकरण को गंभीरता से लेते हुए जांच के आदेश दिए है और साथ ही साथ पंडित दीनदयाल उपाध्याय राजकीय माडल इंटर कालेज में तीन माह में बिजली आपूर्ति कराने सहित मूलभूत बुनियादी सुविधाओं को बहाल कराने की आश्वाशन भी दिए थे। बरहाल समाजसेवी डा मोहन तिवारी के सौजन्य से अब कॉलेज में बिजली की सामग्री गिरना और पोल लगना शुरू हो गया है जिससे आसपास के ग्रामीण के बच्चे और उनके अभिवाहक काफी खुश लग रहे है।
आपको बता दें कि समाजसेवी डॉ मोहन तिवारी ने वर्ष 2021 मे तमकुहीराज सिसवा अहिरौलीदान जर्जर मुख्य सड़क निर्माण को लेकर भूलिया बजार में अनशन पर बैठ गए थे, जो लगभग 56 का दिनो तक का आन्दोलन काफी लंबा रहा जो कि उस वक्त मीडिया के सुर्खियों में प्रमुख रूप से बना रहा, जिसके दौरान सरकार पर जनता का दवाब बना, टेंडर हुआ, वित्तीय स्वीकृति मिली और वह सड़क कई करोड़ों की लगात से बन कर तैयार हो गई।
समाजसेवी डॉ.मोहन तिवारी स्थानीय क्षेत्र के मुद्दो को लेकर आवाज उठाते रहते है तथा समय समय पर सरकार का ध्यान आकृष्ट कराने के लिए, सम्बंधित अधिकारियों को पत्रक सौंप कर, अनशन व आंदोलन करके अपनी आवाज को सरकार तक पहुंचाने का कार्य करते रहते है जिसके उपरांत शासन प्रशासन के लोग उस समस्या को गंभीरता से लेते हुए उसे पूरा भी करते है।
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